अररिया
पांच लाख की जगह अब बिक रहे डेढ़ लाख दीये
तेल की बढ़ती महंगाई ने भी घटाया दीयों का डिमांड
अररिया : दीपावली के दीप का महत्व कुछ इस कदर घटा कि दीप बनाने वाले कुम्हार की जिंदगी भी अंधेरों में खोने को विवश हो गया. न तो अब कुम्हार का चाक तेजी से चलता है न ही उनके घरों का चूल्हा ही ढंग से जलता है. कुम्हार के दीप का स्थान कृत्रिम बल्बों ने ले लिया. दीपावली को अर्थ प्रदान करने वाले दीप को बनाने वाले कुम्हार के परिवार आज खस्ता हाल जिंदगी जीने को को लाचार हैं.

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